Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Indian Samachar
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Indian Samachar
    Business

    ईयू के साथ भारत का ट्रेड समझौता: रोजगार-निर्यात को मिलेगी रफ्तार, विशेषज्ञ आशान्वित

    By January 29, 2026No Comments1 Min Read

    भारत-यूरोपीय संघ फ्री ट्रेड एग्रीमेंट उद्योगों के लिए स्वर्णिम अवसर खोल रहा है। लेबर इंटेंसिव क्षेत्र जैसे टेक्सटाइल, फुटवियर, चमड़ा और अपैरल को अपार लाभ की उम्मीद है। जानकारों का अनुमान है कि इससे निर्यात दोगुना, निवेश बढ़ेगा और ‘मेक इन इंडिया’ को नई गति मिलेगी।

    तिरुपुर के कुमार दुरईस्वामी इसे ‘सभी डील्स की मां’ बता रहे हैं। 2030 तक टेक्सटाइल निर्यात 40 अरब डॉलर का लक्ष्य अब करीब लग रहा है। तिरुपुर 68 प्रतिशत निटवियर निर्यात करता है—45,700 करोड़ रुपये—जिसमें यूरोप का हिस्सा 25,000 करोड़ से 50,000 करोड़ हो सकता है।

    यूरोपीय कंपनियां भारत में उत्पादन बढ़ाने को तैयार हैं, तमिलनाडु समिट ने वैश्विक ध्यान खींचा। अमेरिकी नीतियों का असर कम हो रहा है।

    रफीक अहमद ने ईयू बाजार की ताकत की सराहना की, फुटवियर उद्योग में निवेश से भारी रोजगार सृजन संभव। 1500 करोड़ से 25,000 नौकरियां, महिला सशक्तिकरण को बल।

    डॉ. संजीव सरन ने कहा, यह ऐतिहासिक कदम नुकसान की भरपाई करेगा, जॉइंट वेंचर लाएगा, लेकिन गुणवत्ता मानकों का पालन जरूरी। भारत स्थिरता का प्रतीक बन रहा है।

    मुकेश गोम्बर के अनुसार, यह डील नई मशीनरी और कार्पेट जैसे निर्यात को मजबूत करेगी। कुल मिलाकर, भारत वैश्विक मैन्युफैक्चरिंग में अग्रणी बनेगा।

    Export Growth Footwear Industry India EU FTA Job Creation India Leather Sector Make In India Textile Exports Tirupur Textiles

    Related Posts

    हरदीप पुरी: बजट 2026 भारत की विकास गाथा को मजबूत करता है

    February 7, 2026

    आर्थिक संकट: पाकिस्तान में प्रतिभा पलायन का खतरा

    February 7, 2026

    हफ्तेभर में सोना 3381 रुपये महंगा, चांदी में 20 हजार की गिरावट

    February 7, 2026

    Comments are closed.

    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest
    © 2026 ThemeSphere. Designed by ThemeSphere.

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.